रुद्राक्ष को हिन्दू शास्त्रों में बहुत ज्यादा पवित्र माना जाता है। रूद्र और अक्ष इन दो शब्दों से मिलकर रुद्राक्ष शब्द बना है। हिन्दू धर्म में ऐसी मान्यता है कि शिव के आंसुओं से ही रुद्राक्ष के पेड़ की उत्पत्ति हुई थी। ऐसा कहा जाता है कि अगर रुद्राक्ष राशि के अनुसार के हिसाब से धारण किया जाए तो यह हमारे जीवन में बहुत परिवर्तन लाता है।
हिंदू शास्त्र में रुद्राक्ष को बहुत महत्वपूर्ण और पवित्र माना गया है। इसे स्वयं भगवान शिव के अश्रुओं के रूप में पूजा जाता है। रुद्र और अक्ष जैसे दो शब्दों से मिलकर बना रुद्राक्ष शब्द बहुत शक्तिशाली होता है। मान्यता है कि शिव के अश्रुओं से ही रुद्राक्ष के वृक्ष की उत्पत्ति हुई थी।
राशि रुद्राक्ष
ज्योतिषशास्त्र के अनुसार प्रत्येक राशि का एक स्वामी ग्रह है और उस ग्रह से एक रुद्राक्ष संबंधित है। अगर कोई व्यक्ति अपनी राशि अनुसार रुद्राक्ष धारण करता है तो उसे इसके दोगुने फल प्राप्त होते हैं।
लग्न के अनुसार रुद्राक्ष
आज हम आपको लग्न राशि के अनुसार रुद्राक्ष धारण करने के बारे में बता रहे हैं। अगर आप अपनी लग्न राशि के आधार पर रुद्राक्ष को धारण करेंगें तो आपके जीवन के सारे कष्ट और विपत्तियां दूर हो जाएंगीं।
मेष राशि का रुद्राक्ष
मेष राशि का स्वामी मंगल होता है और मंगल साहस और वीरता का कारक है। साथ ही मंगल के प्रभाव में जातक अडियल और गुस्सैल भी बन जाता है। मेष राशि के जातकों को तीन मुखी रुद्राक्ष धारण करने से लाभ होगा।
वृषभ राशि का रुद्राक्ष
अपने लक्ष्य को पाने के लिए वृषभ राशि के लोग बहुत मेहनत करते हैं। वृषभ राशि का स्वामी शुक्र देव हैं और ये भौतिक सुख और ऐश्वर्य प्रदान करते हैं। इस राशि के लोगों को 6 मुखी और दस मुखी रुद्राक्ष धारण करने से लाभ होता है।
मिथुन राशि का रुद्राक्ष
मिथुन राशि का स्वामी बुध है और बुध को बुद्धि का कारक माना जाता है। मिथुन राशि के लोग परिवर्तन और गतिशील स्वभाव के होते हैं। मिथुन राशि के जातकों को सफलता और धन की प्राप्ति के लिए 4 मुखी और 11 मुखी रुद्राक्ष धारण करना चाहिए।
कर्क राशि का रुद्राक्ष
कर्क राशि का स्वामी चंद्रमा होता है जोकि मन का कारक है। चंद्रमा मन को स्थिरता प्रदान करता है। ये लोग अपने कार्यों को पूरी निपुणता से करते हैं और इसीलिए इन्हें उसमें सफलता भी मिलती है। कर्क राशि के लोगों को 4 मुखी और गौरी शंकर रुद्राक्ष धारण करने से लाभ होगा।
सिंह राशि का रुद्राक्ष
सिंह राशि का स्वामी सूर्य देव हैं। सूर्य को सफलता का कारक माना जाता है और जिस पर सूर्य देव की कृपा पड़ गई उसे जीवन में कभी भी असफलता का सामना नहीं करना पड़ता है। सिंह राशि के जातकों को 5 मुखी रुद्राक्ष धारण करना चाहिए।
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