Home Articles Dharma Remedy Articles
Dharma Remedy Articles

शीतला अष्टमी क्या है? यह कैसे मनाया जाता है? जानें शीतला अष्टमी का महत्व

शीतला अष्टमी क्या है? यह कैसे मनाया जाता है? जानें शीतला अष्टमी का महत्व

शीतला अष्टमी क्या है? यह कैसे मनाया जाता है? जानें शीतला अष्टमी का महत्व

शीतला अष्टमी
चैत्र कृष्ण अष्टमी को शीतला अष्टमी कहते हैं। इस तिथि पर स्त्रियाँ शीतला देवी की पूजा करती हैं। पूजा करने में बस इतना ध्यान रखना होता है कि पूजा के बाद नैवेद्य में सभी पदार्थ ठंडे होने चाहिएँ। इस दिन जिस भी पकवान का भोग लगाया जाता है, वह सप्तमी को बना होता है। पूजा के बाद पूरा परिवार इन्हीं पकवानों को प्रसाद स्वरूप ग्रहण करता है।

इस दिन घर की स्त्री सिर्फ एक ही बार भोजन करती हैै। इसकी प्रचलित कथा इस प्रकार है- एक बार राज के बेटे को शीतला (चेचक) निकली। उसी नगर में एक गरीब ब्राम्हण के बेटे को भी शीतला निकली थी। ब्राम्हण ने अपने बेटे की नियमपूर्वक सेवा की। उसके यहाँ ना घर में सब्जी को छौंक लगाया गया, ना रसोई में कड़ाही चढ़ाई गई और ना ही उसने अपने बेटे को गरम खिलाया ।

आप इस लेख का आधा भाग पढ़ चुके हैं

आगे पढ़ने के लिए लॉगिन करें। खाता बनाना पूरी तरह निःशुल्क है – Google या मोबाइल OTP से, एक मिनट में।

लॉगिन करें और आगे पढ़ें नया यूज़र? निःशुल्क खाता बनाएँ

क्या आपके जीवन में कोई प्रश्न है?

अनुभवी ज्योतिषियों से कुंडली, विवाह, करियर और वास्तु पर व्यक्तिगत परामर्श लें।

अभी परामर्श लें