सप्ताह के सातों दिन देवी देवताओं को समर्पित हैं। गुरुवार का दिन भगवान श्रीहरि विष्णु को समर्पित है। इस दिन भगवान श्रीहरि विष्णु की पूजा-उपासना की जाती है। इसके साथ ही इस दिन गुरुवार का व्रत भी किया जाता है। इसे सुहागिन महिलाएं घर में सुख, शांति और समृद्धि तथा अविवाहित लड़कियां मनचाहा वर प्राप्ति के लिए करती हैं। ऐसी मान्यता है कि इस व्रत को करने से मनचाहा वर और मनचाही नौकरी भी मिलती है।
धर्मिक मान्यता है कि भगवान श्रीहरि विष्णु को केला अति प्रिय है। इसलिए उनका निवास स्थान केले के पेड़ में होता है। अतः गुरुवार के दिन केले के पेड़ की पूजा की जाती है। इस दिन पीले रंग वस्त्र धारण करना अति शुभ होता है। जबकि पीले रंग के फल और फूलों से भगवान श्रीहरि विष्णु की पूजा उपासना की जाती है। इस दिन केले के पेड़ को अर्घ्य देने तक मौन व्रत रखना का भी विधान है।
गुरुवार के दिन कुछ कामों को करने की मनाही है,नहीं तो श्री हरि हो जाएंगे नाराज़
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